सिरोही: जिले के आबूरोड सदर थाना क्षेत्र के तलवार नाका स्थित खदरा फली में एक दंपती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. पुलिस ने दोनों के शवों को मोर्चरी में रखवाया है. फिलहाल मौत के कारणों का पता नहीं चल पाया है. पुलिस और परिजनों का अनुमान है कि किसी जहरीले जानवर के काटने से दोनों की मौत हुई होगी, हालांकि पोस्टर्माटम रिपोर्ट के बाद ही मौत के कारणों का पता चल पाएगा. दोनों की शादी नौ माह पहले ही हुई थी.
गिरवर चौकी प्रभारी कैलाशचंद्र ने बताया कि तलवारनाका निवासी राजाराम ने सोमवार सुबह करीब 7 बजे बताया कि उसका बेटा नोकाराम और बहू दीवाली नहीं जागे. दरवाजा खोलकर जब उसने नोकाराम को जगाने की कोशिश की, तो नोकाराम ने बेहोशी की हालत में बताया कि उसे कुछ दिखाई नहीं दे रहा और उसका जी घबरा रहा है. इसके बाद जब दीवाली को जगाया गया, तो वह भी अचेत अवस्था में पाई गई.
राजाराम ने बताया कि सुबह करीब 10 बजे दोनों को पड़ोस के भोपाजी के मंदिर ले जाकर झाड़-फूंक करवाई गई. इस दौरान दोनों के मुंह से झाग आ रहे थे और वे पूरी तरह बेहोश थे. अस्पताल ले जाने लायक हालत न होने के कारण दोपहर करीब 2 बजे नोकाराम की और 4 बजे दीवाली की मौत हो गई. मौत के बाद भोपा मंदिर के लोगों की मदद से शव घर लाए गए.
घटना की सूचना मृतकों के पीहर पक्ष और गिरवर चौकी पुलिस को दी गई. पुलिस करीब 8 बजे मौके पर पहुंची और जांच शुरू की. देर रात मृतकों के पीहर पक्ष के लोग भी पहुंचे और शव देखकर वापस चले गए. पुलिस ने करीब 11 बजे दोनों शवों को मोर्चरी भेजा.थानाधिकारी दर्शन सिंह और सीओ गोमाराम भी घटनास्थल पर पहुंचे. मंगलवार सुबह एमओबी और एफएफएल की टीम ने मौका मुआयना किया. पीहर और ससुराल पक्ष के लोग बड़ी संख्या में मौजूद रहे.
मेडिकल बोर्ड का गठन: दोनों की मौत का कारण जानने के लिए मेडिकल बोर्ड का गठन किया गया है, जो पोस्टमार्टम के बाद स्पष्ट करेगा. पुलिस और परिजनों का अनुमान है कि किसी जहरीले जानवर के काटने से दोनों की मौत हुई होगी. पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है. बताया जा रहा है कि दोनों की शादी को महज 9 महीने हुए थे.




















