बीकानेर : शारीरिक शिक्षक भर्ती परीक्षा 2022 में गड़बड़ी की शिकायतों को लेकर सरकार ने राज्य और संभाग स्तर पर जांच कमेटी का गठन किया है. दरअसल इन गड़बड़ियों की शिकायतों के बाद राज्य सरकार ने कमेटियों का गठन किया है साथ ही सरकार ने एक आदेश जारी कर इन शारीरिक शिक्षकों की वेतन नियमितकरण और स्थाईकरण को लेकर एक बार रोक लगा दी है.
सरकार को शिकायतें मिली थीं कि पीटीआई भर्ती परीक्षा 2022 में कुछ अभ्यर्थियों ने फर्जी दस्तावेजों का उपयोग कर चयन प्राप्त किया है. इन आरोपों की गंभीरता को देखते हुए, राज्य सरकार ने राज्य और संभाग स्तर पर जांच कमेटियां गठित की हैं. शिक्षा विभाग के शासन सचिव मनीष गोयल ने इस संबंध में सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी कर दस्तावेजों की जांच के निर्देश दिए हैं. उन्होंने यह स्पष्ट किया कि जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक कोई वेतन नियमितीकरण या स्थायीकरण की प्रक्रिया नहीं की जाएगी.
दस्तावेज फर्जी होने की शिकायत : दरअसल पीटीआई भर्ती परीक्षा में कई अभ्यर्थियों की दस्तावेज फर्जी होने की शिकायत सरकार को मिली है और खुद शासन सचिव मनीष गोयल ने इस बारे में प्रदेश के समस्त जिला शिक्षा अधिकारियों को पत्र भेज कर दस्तावेजों के फर्जी होने की शिकायत मिलने की बात कहते हुए उनकी जांच करने की बात कही है.
अग्रिम आदेश तक रोक : शिक्षा विभाग शिक्षा ग्रुप 2 के शासन सचिव मनीष गोयल की ओर से जारी इन आदेशों में इन अभ्यर्थियों के नियमितीकरण और वेतन स्थाईकरण पर अग्रिम आदेशों तक रोक लगाने की बात कही गई है.




















