भीलवाड़ा: जिले के आसींद विधानसभा क्षेत्र से गुजरने वाली खारी नदी बीते दिनों राजसमंद जिले में हुई मुसलाधार बारिश के कारण ऊफान पर है. जहां नदी के ऊफान के चलते प्रशासन ने नदी के पास गुजरने वाले रास्तों पर बेरिकेडिंग लगाकर आवाजाही फर रोक लगा दी है.
पिछले दो दिनों से मौसम विभाग की चेतावनी का असर भीलवाड़ा जिले में भी देखने को मिला जहां भीलवाड़ा जिले से गुजरने वाली बनास , खारी, मानसी , नेखाड़ी, मेनाली, बेडच नदियां ऊफान पर है. सभी नदियों में तीव्र वेग से पानी आ रहा है. वहीं भीलवाड़ा जिले के सिंचाई विभाग के अंतर्गत साठ बांध व तालाबो में से 37 ओवरफ्लो हो चुके हैं जिनका पानी भी नदियों के जरिए आगे बह रहा है. बनास नदी तीव्र वेग से बह रही है जिसका पानी बीसलपुर बांध में पहुंच रहा है.
खारी नदी ऊफान पर: भीलवाड़ा जिले के आसींद विधानसभा क्षेत्र में स्थित खारी बांध लगातार दूसरी बार ओवरफ्लो हुआ है. वर्ष 2024 में भी 21 फीट भराव क्षमता वाला बांध इस बार भी ओवरफ्लो को चुका है बीते दिनों राजसमंद जिले के भीम व देवगढ क्षेत्र में बारिश होने के कारण यह नदी तीव्र वेग से बह रही है जहां प्रशासन ने नदी के पास बैरिकेट्स लगाकर आवाजाही पर रोक लगा दी होती है. वहीं खारी नदी आसींद ,शंभूगढ़ व अटाली क्षेत्र में तीव्र वेग से बह रही है जहां नदी के किनारे पर कहीं पेड़ पौधे भी धराशाई हो गए हैं. नदी के वेग को देखने काफी संख्या में लोग नदी के तट पर पहुंच रहे हैं ऐसे में प्रशासन ने नदी के तट पर नहीं पहुंचने की अपील की है.
नारायण सागर बांध भी भराव क्षमता की ओर : राजसमंद में भीलवाड़ा जिले में हो रही बारिश के कारण खारी नदी का पानी ब्यावर जिले के प्रसिद्ध नारायण सागर बांध में पहुंच रहा है. 16 फीट भराव क्षमता वाले नारायण सागर बांध में 13 फीट पानी हो चुका है नारायण सागर बांध की नीव भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद ने रखी थी. 16 फीट भराव क्षमता वाले नारायण सागर बांध में पिछले वर्ष डिस्टिक मिनिरल फाऊंडेशन की ओर से लगभग 13 करोड़ रुपए जीणोद्धार के लिए सैंक्शन किए थे. गत वर्ष भी बांध में 15 फुट पानी लिया गया था लेकिन वर्तमान में बांध का पुनर्निर्माण के बाद भी प्रशासन ने 13 फीट पानी लेकर कुछ घंटे के लिए बाध में पानी लेने की रोक लगा दी है. ऐसे में बांध क्षेत्र के रहने वाले ग्रामीण और किसान की मांग है कि जब बांध में जिणोद्धार के लिए इतना पैसा खर्च कर दिया तो बाध को पूर्ण क्यों नहीं भरा जा रहा है. जहां ग्रामीणों ने प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा प्रशासन ने बांध के जीणोद्धार में पैसे खर्च किये है. उसमें क्या लीपापोती हुई है. इसलिए बंद को पूरा नहीं भरा जा रहा है बांध अगर पूरा नहीं भरा गया तो रबी की फसल की अंतिम सिंचाई में किसानों को पानी के लिए फिर समस्या का सामना करना पड़ेगा. ग्रामीणों की मांग है कि बांध को पूर्ण भरकर इसकी चादर चलाई जाए जहां बुजुर्गों का कहना है कि आज तक हमने बांध की चादर चलते हुए नहीं देखी है अब यह मौका है इसलिए प्रशासन से हमारा आग्रह है कि वर्तमान में जो पानी आ रहा है. इस पानी से नारायण सागर बांध को पूर्ण भरकर चादर चलाई जाए.
जिले के मांडलगढ़ विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक गोपाल खंडेलवाल मांडलगढ़ विधानसभा क्षेत्र में बीते दिनों हुई बारिश के बाद खरीफ की फसलों की स्थिति जानने किसानों के बीच खलिहान में पहुंचे. इस दौरान विधायक गोपाल खंडेलवाल ने किसानों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि राज्य व केंद्र सरकार आपके साथ है. हम मुख्यमंत्री जी से मुआवजा दिलवाने की मांग को लेकर मांग रखेंगे. मुझे पुरा भरोसा है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा किसान की हर परेशानी का समाधान करते आए हैं और इस बार भी करेंगे.
भीलवाड़ा जिले सहित मांडलगढ़ विधानसभा क्षेत्र में भी मौसम विभाग की चेतावनी का असर देखने को मिला. जहां बीते दो दिनों से हुई मूसलाधार बारिश के बाद किसानों ने बड़ी उम्मीद के साथ बोई गई खरीफ की फसल के रूप में मूंग, उड़द, तिल, ग्वार, मक्का बाजार सहित सब्जियों और कई तरह की फसलों में नुकसान हुआ है. जगह-जगह जलभराव की स्थिति उत्पन्न हुई है. ऐसे में भाजपा विधायक गोपाल खंडेलवाल जयपुर से तुरंत अपने विधानसभा क्षेत्र में पहुंचे. जहां विधानसभा क्षेत्र के खाचरोल गांव में अतिवृष्टि से प्रभावित क्षेत्र का ट्रैक्टर पर बैठकर दौरा किया. इस दौरान विधायक किसानों के बीच पहुंचकर किसानों को नुकसान की तुरंत गिरदावरी करवाने के साथ ही मुआवजा देने का आश्वासन दिया. उन्होंने कहा कि इस दुख की घड़ी में शासन प्रशासन आपके साथ है मैं आपका जन सेवक हूं. सदैव जनता के लिए समर्पित रहता हूं क्योंकि मैं भी किसान का बेटा हूं और किसान की पीड़ा समझता हूं मुझे भरोसा है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री अतिवृष्टि से जो नुकसान हुआ उसकी भरपाई जरूर करेंगे.




















