कोटा : भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो कोटा की टीम ने बारां में कार्रवाई करते हुए दो अभियंताओं के पास 1.40 लाख रुपए पकड़े हैं. इस संबंध में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो का मानना है कि दोनों अधिकारियों में भ्रष्ट आचरण से यह राशि अर्जित की है. इस राशि के संबंध में दोनों कोई संतोषप्रद जवाब नहीं दे पाए हैं. इसके बाद राशि को जप्त कर लिया गया है. साथ ही इस मामले में दोनों अभियंताओं से हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है जिसमें आगे कार्रवाई भी कार्रवाई होगी.
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव ने बताया कि लंबे समय से गोपनीय सूचनाओं के आधार पर बारां जिले में कृषि विपणन बोर्ड के दो अभियंताओं पर कार्रवाई की गई है. दोनों अभियंताओं को मांगरोल रोड समसपुर चौराहे के नजदीक रोका गया था. जहां पर दोनों की तलाशी ली गई. ऐसे में सहायक अभियंता अंकित शर्मा के बैग में एक सफेद पॉलिथीन रखी हुई थी जिसमें 1.40 लाख रुपए मिले हैं. जबकि उनकी जेब से 1075 रुपए बरामद हुए हैं.
इसी तरह से कनिष्ठ अभियंता रविकांत मीणा की जेब से 1100 रुपए मिले है. इसके अलावा उनके बैग से नाप तौल से संबंधित इंच टेप, रिकॉर्ड की पुस्तिकाएं और एक पत्रावली मिली है. पकड़ी गई इस राशि का संबंध में दोनों अभियंता कोई जवाब प्रस्तुत नहीं कर पाए हैं, इसलिए इस राशि को संदिग्ध मानते हुए जप्त कर लिया गया है. इसके साथ ही दोनों अभियंताओं को फिलहाल हिरासत में लिया गया है, जिनसे बरामद राशि और दस्तावेजों के संबंध में पूछताछ की जा रही है.
एसीबी डीआईजी कोटा आनंद शर्मा ने बताया कि दोनों आरोपियों के भ्रष्ट आचरण से ही यह राशि अर्जित की है. एसीबी कोटा के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय स्वर्णकार ने बताया कि जिन दो अभियंताओं से पैसा मिला है. दोनों राजस्थान राज्य कृषि विपणन बोर्ड के अधिशासी अभियंता बारां में पदस्थापित है. एएसपी स्वर्णकार के अनुसार अंकित शर्मा मूल रूप से सवाई माधोपुर जिले के मानटाउन थाना इलाके के परशुराम नगर मीणा कॉलोनी निवासी है. जबकि रविकांत मीणा करौली जिले के टोडाभीम तहसील के बालागढ़ थाना इलाके के लालाराम जी का पुरा निवासी है.




















