जयपुर : राजधानी जयपुर में साइबर ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं. अब सोशल मीडिया पर एक आईपीएस अधिकारी की फेक आईडी बनाकर उनके परिचित से साइबर ठगी का मामला सामने आया है. साइबर ठगों ने पीड़ित से 65 हजार रुपए अपने खातों में ट्रांसफर करवा लिए. इसके बाद दुबारा 30 हजार रुपए की डिमांड की. दोबारा मैसेज आने पर पीड़ित ने आईपीएस अधिकारी को कॉल किया तो यह साइबर ठगों की करतूत निकली. पीड़ित ने जयपुर के मालवीय नगर थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया है. पुलिस मामले की जांच में जुटी है.
सीआरपीएफ जवान के तबादले का बहाना : मालवीय नगर थानाधिकारी संग्राम सिंह ने बताया कि मॉडल टाउन निवासी मानाराम जाखड़ ने साइबर ठगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई है. उसने अपनी रिपोर्ट में बताया कि उसके पास पुलिस मुख्यालय में तैनात एक आईपीएस अधिकारी की फेक आईडी से मैसेज आया कि सीआरपीएफ में तैनात जवान विकास पटेल का जम्मू तबादला होने के कारण उसे तत्काल रुपए की जरूरत है. इस मैसेज में यह भी कहा गया कि सीआरपीएफ के जवान का फर्नीचर जयपुर में ही रखा हुआ है.
एक बार रुपए दिए, दोबारा आया मैसेज : पीड़ित ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि मैसेज पढ़ने के बाद उसने आईपीएस अधिकारी को कॉल किया, लेकिन बात नहीं हो पाई. उसने भरोसे में आकर 65 हजार रुपए मैसेज में बताए गए अकाउंट में ट्रांसफर कर दिए. इसके बाद उसके पास एक मैसेज और आया, जिसमें 30,500 रुपए मांगे गए. इस बार उसे कुछ शंका हुई और उसने आईपीएस अधिकारी को कॉल कर पुष्टि की तो उसे पता चला कि उसके साथ ठगी हो गई है.
पुलिस जुटी मामले की जांच में : इस पर उसने मालवीय नगर थाने में रिपोर्ट दी है. थानाधिकारी ने बताया कि पीड़ित की रिपोर्ट के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है. संदिग्ध मोबाइल नंबर और बैंक खाते का विश्लेषण कर मामले की जांच की जा रही है. उन्होंने बताया कि मामले में गहनता से अनुसंधान कर साइबर ठगों की पहचान सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है. मामले की जांच एएसआई मुकेश कुमार को सौंपी गई है.




















