जयपुर: राजधानी के सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल के चिकित्सकों ने इमरजेंसी में सर्जरी कर बच्चे को दिव्यांग होने से बचा लिया. एसएमएस अस्पताल के प्लास्टिक सर्जरी विभाग ने बच्चे के कटे हाथ का पुनर्रोपण (रीप्लांटेशन) किया.
प्लास्टिक सर्जरी के विभागाध्यक्ष डॉ. प्रदीप गुप्ता ने बताया कि अलवर के छह वर्षीय जसवीर सिंह का घास काटने की मशीन में हाथ आ गया. इससे कलाई के ऊपर से हाथ कटकर अलग हो गया था. शुक्रवार रात 9 बजे कटे हाथ के साथ बच्चे को लेकर उसके पिता SMS के ट्रॉमा सेंटर पहुंचे. बच्चे की हालत काफी खराब थी. ऐसे में तुरंत ऑपरेशन करने का निर्णय लिया गया. इसके बाद प्लास्टिक सर्जरी विभाग ने इमरजेंसी में तुरंन्त पुनर्रोपण की प्रकिया शुरू की.यह ऑपरेशन वरिष्ठ आचार्य एवं विभागाध्यक्ष डॉ. प्रदीप गुप्ता के निर्देशन में टीम ने किया.
6 घंटे चला ऑपरेशन: चिकित्सकों ने बताया कि यह ऑपरेशन 6 घंटे चला और सफल रहा. बच्चा अब स्वस्थ है. चिकित्सकों ने बताया कि की यदि ऐसे कटे अंग समय रहते 6 घंटे के भीतर सही से बर्फ में रखकर अस्पताल लाए जाए तो ऑपरेशन कर अंग बचाया जा सकता है.
ऑपरेशन टीम में सहायक आचार्य डॉ. आकांशा वशिष्ठ एवं सीनियर रेजिडेन्ट डॉ. हर्षा रेड्डी, डॉ. साक्षी कश्यप, डॉ. समृद्धि गुप्ता, डॉ. दिलप्रीत कौर, डॉ. शुभम रानी, डॉ. अनामिका, डॉ. रुपल शामिल थे. निशचेतना विभाग से डॉ. वन्दना मंगल (वरिष्ठ आचार्य ट्रोमा ओटी) के निर्देशन में सीनियर रेजीडेंट डॉ. गजाला प्रवीन, जूनियर रेजीडेन्ट, डॉ. प्रेमल पंचाल, डॉ. आर्ची शर्मा मौजूद रहे. बाल चिकित्सक विभाग (जेके लोन) के डॉ. तन्मय तथा उनकी टीम का ऑपरेशन के बाद बच्चे का इलाज करने में योगदान रहा.




















