बाड़मेर: जिले के लंगेरा गांव में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सराहनीय कदम उठाया गया है. ग्रीनमैन के नाम से मशहूर नरपतसिंह राजपुरोहित ने ग्रीन डेजर्ट संस्थान के सहयोग से कोजाणियो की ढाणी में पहाड़ियों की तलहटी के पास 1400 पौधे लगाए. जिनमें 500 पीपल के पौधे शामिल हैं. इस पहल से एक पीपल वाटिका तैयार की गई है. जिसका उद्देश्य पर्यावरण को हरा-भरा बनाना है.
इस पीपल वाटिका में भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष स्वरूपसिंह खारा, युवा नेता दीपक कड़वासरा, लंगेरा सरपंच बबुदेवी, पूर्व प्रधान उदाराम मेघवाल, शिक्षाविद् प्रेमसिंह राजपुरोहित, प्रेस क्लब जिलाध्यक्ष प्रेमदान देथा और पूर्व जिलाध्यक्ष प्रवीण बोथरा सहित कई गणमान्य नागरिकों एवं स्कूली बच्चों ने भागीदारी निभाते हुए पौधरोपण किया.
पूर्व जिलाध्यक्ष स्वरूपसिंह खारा ने कहा कि पौधे लगाना आसान है, लेकिन उनकी देखभाल करना मुश्किल है. उन्होंने ग्रीनमैन नरपतसिंह के समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि कोजाणियों की ढाणी की यह पीपल वाटिका आने वाले समय में एक विशेष पहचान बनाएगी. उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि हमें प्रकृति से हवा, पानी, ऑक्सीजन और छाया मिलती है, लेकिन हम प्रकृति को वापस देने का काम नहीं करते हैं. उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी है, लेकिन ग्रीनमैन नरपतसिंह हजारों लोगों की जिम्मेदारी निभा रहे हैं.
ग्रीन डेजर्ट संस्थान के अध्यक्ष ग्रीनमैन नरपतसिंह राजपुरोहित ने बताया कि संस्थान ने कोजाणियो की ढाणी, लंगेरा की बंजर भूमि पर 500 पीपल और 900 अन्य पौधे लगाकर कुल 1400 पौधे लगाए हैं. राजपुरोहित ने आगे बताया कि वर्ष 2024 में 300 पीपल के पौधे लगाए गए थे. जबकि इस वर्ष 2025 में कुल 1400 पौधे लगाए गए. जिनमें 500 पीपल और 900 अन्य प्रजातियों के पौधे शामिल हैं. भाजपा नेता दीपक कड़वासरा ने ग्रीनमैन के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि नरपतसिंह आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणा हैं. इस पहल से पर्यावरण को हरा-भरा बनाने के साथ-साथ लोगों को पर्यावरण संरक्षण के महत्व के बारे में जागरूक करने में भी मदद मिलेगी.




















