बीकानेर: केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने मेडिकल कॉलेज परिसर में जन स्वास्थ्य और जैविक प्रमाणीकरण प्रयोगशाला का शनिवार को शिलान्यास एवं भूमि पूजन किया. बजट घोषणा के तहत 2 करोड़ 85 लाख 75 हजार रुपए की लागत से बनने वाला यह भवन और लैब, जैविक प्रमाणीकरण की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा. इसके लिए मेडिकल कॉलेज ने डेढ़ बीघा भूमि उपलब्ध कराई है. उपकरण भी मिल गए हैं. पहले चरण में दस तथा कुल 30 करोड़ रुपए के उपकरण आएंगे. भवन बनने तक लैब का संचालन अस्थायी रूप से मेडिकल कॉलेज परिसर में संचालित फूड टेस्टिंग लैब में किया जाएगा.
केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने कहा कि इसे स्तरीय लैब के रूप में विकसित करेंगे. यहां किसी प्रकार के उपकरण की कमी नहीं आने देंगे. केंद्र सरकार से जरूरी उपकरण उपलब्ध करवाएंगे. यहां खाद्य पदार्थों की सामान्य जांच के साथ ही ऑर्गेनिक खाद्य प्रमाणीकरण व समस्त माइक्रोबायोलॉजी जांच भी हो पाएंगी. अब तक इनके सैंपल बाहर भेजने पड़ते थे.
उन्होंने बताया कि मिलावटी वस्तुओं के विरुद्ध प्रशासन के अभियान में यह लैब अहम साबित होगी. बीकानेर संभाग की सबसे बड़ी लैब होगी. बीकानेर में लंबे समय से इसकी मांग थी. उन्होंने कार्यकारी एजेंसी, कृषि विपणन बोर्ड को निर्माण कार्य पूर्ण गुणवत्ता और प्रमाणीकरण के साथ समय पर करने के निर्देश दिए.
बनेगा नया सीएमएचओ भवन: चिकित्सा विभाग के संयुक्त निदेशक की मांग पर केंद्रीय मंत्री ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय के लिए भूमि उपलब्ध करवाने के लिए मेडिकल कॉलेज प्राचार्य को निर्देश दिए. इसमें कहा कि भवन निर्माण के लिए केंद्र से आवश्यक राशि लाने के प्रयास होंगे. फिरोजपुर में 5 दिसंबर 1925 को फिरोजपुर में गंग कैनाल का शिलान्यास हुआ. इसके सौ वर्ष पूर्ण होने पर विशाल कार्यक्रम किया जाएगा. इस दौरान बीकानेर संभाग में जन्मी 100 प्रवासी हस्तियों का सम्मान भी किया जाएगा.




















