अलवर. शहर के वैशाली नगर थाना पुलिस ने साइबर ठगों को ठगी के लिए बैंक खाता उपलब्ध कराने वाली गैंग के सरगना को गिरफ्तार कर मौके से बड़ी मात्रा में बैंक पासबुक, चेक बुक, एटीएम, आधार कार्ड, स्वाइप मशीन सहित अन्य सामान जब्त किया. थानाधिकारी गुरु दत्त सैनी ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर थाने लाया गया. फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है.
वैशाली नगर थाना अधिकारी गुरुदत्त सैनी ने बताया कि पीएचक्यू की ओर से राज्य स्तर पर संदिग्ध बैंक अकाउंट्स के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत अलवर के एक निजी बैंक के संदिग्ध खाते की जांच की. संदिग्ध बैंक अकाउंट के खिलाफ समन्वय पोर्टल पर साइबर फ्रॉड की करीब 21 शिकायत दर्ज मिली. जिस पर तत्परता से कार्रवाई करते हुए इस अकाउंट की डिटेल निकाली गई, जिसमें करीब 19 करोड़ 2 लाख 45 हजार 460 रुपए की ठगी होना पाया गया. जिस पर अनुसंधान किया गया, इस दौरान आरोपी खाता धारक बरकत अली पुत्र मोहम्मद इशाक निवासी डीग के लोकेशन ट्रेस की कोशिश की गई.
थाना अधिकारी सैनी ने बताया कि आरोपी को पकड़ने के लिए टीम रवाना हुई. जिसकी लोकेशन के वैशाली नगर पानी की टंकी के पास मिली जिसपर टीम मौके पर पहुंची, तो आरोपी पैदल जाता हुआ मिला. जिसे रोक कर पूछताछ की तो उसने किराए के मकान पर रहना बताया. जिसके बाद पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर कमरे पर पहुंची और कमरे की तलाशी ली. उन्होंने बताया कि मौके से बड़ी मात्रा में साइबर ठगी में प्रयुक्त सामान मिला. जिसमें विभिन्न बैंकों की 17 चेक बुक, 5 पासबुक, 14 एटीएम कार्ड, लोगों के हस्ताक्षर किए हुए चेक, बड़ी मात्रा में लोगों के आधार व पैन कार्ड, दो स्वैप मशीन, निजी बैंकों के क्यू आर कोड स्कैनर मिले. थानाधिकारी ने बताया कि मौके से मिले सभी सामान को जब्त कर उनके बारे में जानकारी ली, तो आरोपी ने अपने सहयोगी हरि सिंह मीणा, जाहुल खान, मुकेश मीणा के साथ गिरोह बनाकर कमीशन के आधार पर साइबर ठगों को बैंक खाता उपलब्ध कराना कबूल किया.
थानाधिकारी ने बताया कि अनुसंधान के दौरान आरोपी ने कबूल किया कि वह गैंग के अन्य सदस्यों के साथ लोगों को झांसे में लेकर विभिन्न बैंक खातों में अलग-अलग नाम व एड्रेस से खाते खुलवाए और उनमें ठगी में प्रयोग करने के लिए कमीशन पर साइबर ठगों को उपलब्ध करवाते थे. वहीं खाते में ठगी के पैसे आने के बाद आरोपी अपना कमीशन काटकर बाकी रकम साइबर ठगों को भेज देते. उन्होंने बताया कि आरोपी से मिली जानकारी के अनुसार इस प्रकरण में शामिल अन्य लोगों की भी गिरफ्तारी के प्रयास किया जा रहे हैं.




















