जयपुर: उप राष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के अचानक हुए इस्तीफे को लेकर देशभर में सियासत गरमा गई है. संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने पूर्व सीएम अशोक गहलोत पर पलटवार किया और बोले कि गहलोत नकारात्मक राजनीति करते हैं. पटेल ने मंगलवार को सचिवालय में मीडिया से कहा कि जगदीप धनखड़ का इस्तीफा हुआ है, उस पर ज्यादा बोलना ठीक नहीं है. दरअसल गहलोत ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि लोकसभा स्पीकर और राज्यसभा के चेयरमैन दबाव में काम करते हैं. दबाव में ही इस्तीफा दिया गया है, मेरी बात सच साबित हुई है.
शीघ्र मिलेगी बढ़ी पेंशन: संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा कि विधायकों और पूर्व विधायकों की पेंशन को लेकर सारी कार्रवाई पूर्ण हो चुकी है. विधानसभा में कानून पारित हो चुका है. कानून की पालना करने का काम वित्त विभाग का है. जल्द ही विधायकों, पूर्व विधायकों को बढ़ी पेंशन मिलने लग जाएगी. उन्होंने मानसून सत्र को लेकर कहा, मुख्यमंत्री और विधानसभा स्पीकर और विपक्ष के लोगों से बातचीत कर की जल्द मानसून सत्र बुलाने की सूचना भी दी जाएगी.
गुर्जर समाज की मांगों पर मंथन: इससे पहले सचिवालय में मंगलवार को गुर्जर आरक्षण संगठन समिति की मांगों पर चर्चा के लिए गठित कैबिनेट सब कमेटी की बैठक हुई. इसमें मंत्री जोगाराम पटेल, अविनाश गहलोत और गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम शामिल हुए. विभागों की भेजी रिपोर्ट के साथ गुर्जर आंदोलन के दौरान मुकदमों की समीक्षा की गई. बैठक के बाद पटेल ने कहा कि हमने पहली बैठक में सभी विभागों से गुर्जर समाज से जुड़े मामलों की तथ्यात्मक रिपोर्ट मांगी थी. अधिकांश विभागों ने रिपोर्ट दे दी. शिक्षा व कार्मिक विभाग ने अभी तक विस्तृत रिपोर्ट समिति को नहीं भेजी है. हम सभी संबंधित विभागों से पूरी जानकारी मांग रहे हैं. जब रिपोर्ट हमारे पास आ जाएगी, तब हम समाज के लोगों से भी चर्चा करेंगे और उनकी भावनाओं की कद्र करते आगे फैसला लिया जाएगा.
मुकदमों की समीक्षा: पटेल ने कहा कि बैठक में गुर्जर आंदोलन में दर्ज हुए मुकदमों की समीक्षा की गई. कुछ मामले सुप्रीम कोर्ट तक भी पहुंचे हैं, जिनमें राज्य सरकार ने अपना पक्ष मजबूती से रखा. उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी पहलुओं पर विचार के बाद मंगलवार को अगली बैठक में निर्णय की स्थिति बनेगी. आने वाले दिनों में संबंधित विभागों की रिपोर्ट मिल जाएगी, तब समिति समाज के प्रतिनिधियों के साथ संवाद कर अंतिम फैसला लेगी और रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी.




















