डूंगरपुर : जिले के दौरे पर रहे मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने बीएपी (भारत आदिवासी पार्टी) का नाम लिए बिना उनपर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि वो लोग कहते है कि मांग में सिंदूर मत लगाओ, गले में मंगल सूत्र मत पहनो, बिंदी मत लगाओ, ऐसा करना चाहिए क्या?. मंत्री ने कहा मंगलसूत्र, बिंदी और सिंदूर हमारी संस्कृति और संस्कार का हिस्सा है. उन्होंने आरोप लगाया कि वो (बाप) कहते हैं कि हमारी बेटियों की शादी एक विशेष समुदाय से करवाओ. ऐसा करना चाहिए क्या?. बाबूलाल खराड़ी ने आगे कहा कि ऐसे लोगो का मुंह काला कर देना चाहिए. गांव में घुसने नहीं देना चाहिए, तब उन्हें पता लगेगा.
प्रभारी मंत्री सर्किट हाउस में मीडिया से रूबरू हुए. इस दौरान उन्होंने सरकार की उपलब्धियों को गिनाया. साथ ही भील प्रदेश की मांग के मामले में बीएपी के सांसद राजकुमार रोत पर जमकर निशाना साधा. मंत्री ने कहा कि जाति या भाषा के नाम पर राज्य की मांग गलत है. ऐसी मांगों से देश में अलगाववाद पैदा हो सकता है. सांसद राजकुमार ने भील प्रदेश का जो नक्शा बताया है वो अंग्रेजों व माओवाद के समय का नक्शा है. ये सब बोलने वाले सिर्फ मुखौटा है. इनके पीछे माओवाद सहित अन्य संस्थाए हैं. कांग्रेस और बाप, ये दोनों पार्टिया अवसरवादी होकर आदिवासियों के नाम पर सिर्फ व्यापार करती हैं.




















