बारां: जिले में भारी बारिश के चलते जनजीवन अस्त-व्यस्त है. जगह-जगह जल प्लावन के हालात हैं. निचली बस्तियों में पानी भर गया. बारिश ने नेशनल हाईवे नंबर 27 कुछ देर बंद करना पड़ा जबकि बारां-झालावाड़ मेगा हाईवे 24 घंटे से बंद है. गुना श्योपुर स्टेट हाईवे समेत कई रास्ते बंद हैं. केलवाड़ा थाना इलाके में एक कार बह गई, जिसमें बच्चों समेत सात सवार बह गए, लेकिन पुलिस और ग्रामीणों ने बचा लिया.
केलवाड़ा थाना अधिकारी मानसिंह ने बताया कि सोमवार देर रात शिवपुरी के बीच केलवाड़ा के नजदीक ऊनी में नेशनल हाईवे नंबर 27 पर खेतों का पानी आ गया. इसके चलते जाप्ता भेजकर नेशनल हाईवे पर यातायात रूकवाया. जैसे ही खेतों का पानी कम हुआ, हाईवे पर यातायात बहाल कर दिया. थाना क्षेत्र के 14 गांव भैंसासुर नदी में पानी आने के चलते टापू बन गए. इनसे संपर्क कटा है. गुना श्योपुर स्टेट हाईवे भी नदी के पानी के चलते बंद है.
24 घंटे से बंद बारां-झालावाड़ मार्ग: बारां के चौकी बोरदा और कोटा के बपावर के बीच परवन नदी की पुलिया पर पानी आने के कारण 24 घंटे से बारां-झालावाड़ मेगा हाईवे बंद है. दोनों जिलों की पुलिस अपने छोर पर तैनात है ताकि कोई यहां से गुजरे नहीं. केलवाड़ा थाना अधिकारी ने बताया कि उनके क्षेत्र के 14 गांव भैंसासुर नदी में पानी आने के चलते टापू बने हुए हैं.
भरे पानी में उतारी कार: केलवाड़ा थाने के कांस्टेबल मनोज बिश्नोई ने बताया कि रात 9:30 बजे तेज बारिश से हथवारी खिरिया रोड के अंडरपास में पानी भर गया. इसके बावजूद नाहरगढ़ निवासी परिवार ने कार पानी में उतार दी. ये कोटा से परिचित से मिलकर आए थे. कार बहकर सड़क से उतर गई. स्थानीय युवक मिथुन सहरिया के साथ मिलकर लोगों ने इनको कार से निकाला. कार में शोयब, यूनिस, सोनिया मंसूरी, अंजूमन, आयरा, अरीना के साथ डेढ़ साल की अरेना और आठ वर्षीय आयरा भी सवार थी. लोगों ने सभी को सुरक्षित निकाल लिया.




















