रियाद से दिल्ली न दिल्ली के बजाय जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उतर गया. यह घटना रविवार देर रात (6 जुलाई) की है, जब फ्लाइट को दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट (GI) पर रात 1 बजे लैंड करना था. लेकिन खराब मौसम के कारण विमान को जयपुर डायवर्ट करना पड़ा. यह तो शुरुआत थी, असली झटका तब लगा जब पायलट आने वाली एयर इंडिया की फ्लाइट AI-926 के यात्रियों को उस समय हैरानी और गुस्सा आया जब उनका विमाने अपनी ड्यूटी खत्म होने का हवाला देकर आगेI उड़ान भरने से इनकार कर दिया. नतीजा? यात्री करीब तीन घंटे तक विमान और टर्मिनल पर फंसे रहे और आखिरकार उन्हें सड़क मार्ग से दिल्ली भेजा गया.
एयर इंडिया की फ्लाइट AI-926 रियाद से शाम 5 बजे के बाद उड़ान भरी थी और इसे दिल्ली में रात 1 बजे लैंड करना था. लेकिन दिल्ली में भारी बारिश और खराब मौसम के कारण विमान को जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 पर रात 12:55 बजे उतारा गया. यात्रियों को उम्मीद थी कि मौसम ठीक होने के बाद फ्लाइट दिल्ली के लिए रवाना होगी. लेकिन पायलट ने सूचित किया कि उनकी ड्यूटी का समय खत्म हो चुका है और वह अब विमान नहीं उड़ा सकते. विमानन नियमों के अनुसार, पायलट की ड्यूटी अवधि (8-13 घंटे, दिन या रात की उड़ानों के आधार पर) समाप्त होने के बाद उन्हें अनिवार्य रूप से 12-14 घंटे का आराम लेना होता है. इस नियम के चलते पायलट और क्रू ने विमान छोड़ दिया, जिससे यात्री हैरान और नाराज हो गए.
यात्रियों का गुस्सा और हंगामा
विमान के जयपुर में उतरने के बाद यात्री करीब तीन घंटे तक विमान के अंदर फंसे रहे. एक यात्री, हसन शरीफ, ने X पर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा, “हमें तीन घंटे तक विमान में बिना खाने के बैठाया गया. एयर इंडिया ने होटल की व्यवस्था करने के बजाय हमें सस्ती बस में दिल्ली भेज दिया. स्टाफ का व्यवहार भी बहुत खराब था.” एक अन्य यात्री, निधि अग्रवाल, ने एयर इंडिया की अव्यवस्था पर सवाल उठाया और कहा कि यह उनके लिए बेहद अपमानजनक अनुभव था. यात्रियों ने एयरलाइन पर लापरवाही और खराब संवाद का आरोप लगाया.
एयर इंडिया ने दी सफाई
इस मामले पर एयर इंडिया ने X पर यात्रियों की शिकायतों का जवाब देते हुए कहा, “फ्लाइट AI-926 को दिल्ली में खराब मौसम के कारण जयपुर डायवर्ट किया गया, जो एयरलाइन के नियंत्रण से बाहर है. हमारी टीम ने यात्रियों की सहायता के लिए हर संभव प्रयास किया.” एयरलाइन ने यात्रियों को वैकल्पिक उड़ान की पेशकश की थी लेकिन अधिकांश यात्रियों ने सड़क मार्ग से दिल्ली जाने का विकल्प चुना. जयपुर से दिल्ली की दूरी करीब 280 किलोमीटर है और यात्रियों को निजी बसों और टैक्सियों से दिल्ली भेजा गया.
पहले भी हो चुकी हैं ऐसी घटनाएं
यह पहली बार नहीं है जब एयर इंडिया की फ्लाइट को इस तरह की स्थिति का सामना करना पड़ा. 18 नवंबर 2024 को, पेरिस से दिल्ली आने वाली एक फ्लाइट को भी जयपुर डायवर्ट किया गया था और तब भी पायलट ने ड्यूटी समय पूरा होने का हवाला देकर उड़ान जारी रखने से मना कर दिया था. उस घटना में 180 से अधिक यात्री नौ घंटे तक जयपुर एयरपोर्ट पर फंसे रहे थे. यात्रियों और विमानन विशेषज्ञों ने एयर इंडिया की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं और बैकअप क्रू की व्यवस्था और बेहतर संवाद की मांग की है.




















