मामला नवंबर 2024 में शुरू हुआ, जब कॉलेज जाती एक छात्रा की जिंदगी बस के सफर में बर्बाद होनी शुरू हो गई। बस में बैठते वक्त एक युवक अक्सर उस पर नजर रखता और धीरे-धीरे बातचीत की कोशिश करने लगा। युवती ने जब बात करने से मना किया तो उसने चोरी-छिपे उसके अश्लील वीडियो बना लिए। बाद में इन्हीं वीडियो के दम पर उसे ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया।
एक दिन आरोपी युवक ने युवती को फोटो-वीडियो डिलीट करने के बहाने शहर के एक कैफे में बुलाया। वहां उसने चाय में नशीला पदार्थ मिलाया और पीड़िता को बेहोश कर दिया। जब होश आया, तो वह अपनी इज्जत गंवा चुकी थी। सिर्फ इतना ही नहीं, आरोपी ने इस दौरान भी वीडियो बनाए और फिर इन्हीं वीडियो के जरिये उसे महीनों तक ब्लैकमेल कर शोषण करता रहा।
दोस्तों को बनाया हवस का साथी, हुआ गैंगरेप
जैसे ये सब काफी नहीं था, पिछले महीने आरोपी युवक ने अपने दो दोस्तों को भी इस हवस के खेल में शामिल कर लिया। तीनों ने मिलकर युवती को दोबारा कैफे में बुलाया और वहां उसके साथ गैंगरेप किया। पीड़िता बार-बार गिड़गिड़ाती रही, लेकिन हवस में अंधे हो चुके दरिंदों को उस पर जरा भी तरस नहीं आया।
धमकियों का सिलसिला, भाई को भी घसीटने की कोशिश
हद तो तब हो गई जब आरोपी ने पीड़िता के भाई को भी धमकाना शुरू कर दिया। एक बार जब पीड़िता का भाई आरोपी से बात करने गया तो उसने उसका फोन छीन लिया। इस पर आरोपी भड़क गया और धमकी दी कि “अगर मेरे दोस्त को हाथ लगाया तो तेरा सिर फोड़ दूंगा… SC/ST एक्ट में फंसा दूंगा।”
शर्मनाक चुप्पी, टूटी हिम्मत, फिर दर्ज हुआ केस
लगातार मानसिक, शारीरिक और सामाजिक उत्पीड़न झेलने के बाद आखिरकार युवती ने साहस दिखाया और पुलिस के पास जाकर आपबीती सुनाई। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास तेज़ कर दिए हैं। पीड़िता की रिपोर्ट के आधार पर मुख्य आरोपी समेत तीनों युवकों के खिलाफ गैंगरेप, ब्लैकमेलिंग और धमकी देने जैसी गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया है।
पुलिस भी दंग, जांच जारी
पुलिस का कहना है कि पीड़िता की मेडिकल जांच करवाई गई है और आरोपियों के मोबाइल की फॉरेंसिक जांच की जा रही है। कई अहम सबूत हाथ लगे हैं, जिनके आधार पर जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या इस गैंग का किसी और युवती से भी संपर्क रहा है।
सवालों के घेरे में समाज और सुरक्षा तंत्र
यह मामला न केवल एक युवती की आत्मा को झकझोर देने वाला है, बल्कि समाज और कानून व्यवस्था पर भी बड़ा सवाल उठाता है। आखिर एक छात्रा के जीवन के साथ महीनों तक खिलवाड़ होता रहा, लेकिन किसी को भनक तक नहीं लगी। क्या यह हमारी सामाजिक संरचना की विफलता नहीं है?




















