भीलवाड़ा: सावन माह में शिवालय हर हर महादेव के जयकारों से गूंज रहे हैं. भीलवाड़ा शहर में एक ऐसा शिव मंदिर है, जहां भोले के भक्त एक ही शिवलिंग में एक साथ 12 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन कर सकते हैं. मान्यता है कि यहां पूजा करने से सभी ज्योतिर्लिंगों की पूजा का फल मिल जाता है. यह मंदिर शहर के पास हरणी महादेव तीर्थ स्थल पर स्थित है. इसमें 5 फीट ऊंचे शिवलिंग में 12 ज्योतिर्लिंगों का स्वरूप नजर आता है. यहां भक्तों का कहना है कि बहुत से लोग 12 ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने नहीं जा सकते हैं, ऐसे में इस शिव मंदिर में एक साथ 12 ज्योतिर्लिंग की पूजा कर फल प्राप्त कर सकते हैं.
70 साल पहले हुई थी स्थापना: पुजारी शिवम शर्मा का दावा है कि यह प्रदेश का इकलौता शिव मंदिर है, जहां एक साथ 12 ज्योतिर्लिंग हैं. मंदिर की स्थापना शिवभक्त रामस्वरूप अग्रवाल ने 70 वर्ष पहले की थी. सावन में सुबह 5 से रात 10 बजे तक लोग भगवान शिव की पूजा करते हैं. यहां दिन में तीन बार शृंगार और दो बार रुद्राभिषेक किया जाता है.सुबह मंगला आरती के बाद रुद्राभिषेक करके विशेष शृंगार किया जाता है. प्रदेश से शिवभक्त आते हैं. यहां दान डिजिटल रूप से भी दिया जा सकता है. यहां सावन माह के अलावा भीहर सोमवार को शिवभक्त बड़ी संख्या में यहां आते हैं.
पहाड़ों के बीच रमणीय स्थल:हरणी महादेव तीर्थ स्थित 12 ज्योतिर्लिंग वाला शिव मंदिर पहाड़ों के बीच स्थित है. सावन में व्रतधारी भक्त यहां पूजा करते हैं. भक्तों का कहना है कि हम देश में अलग-अलग ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने नहीं जा सकते. ऐसे में यहां पूजा से संतुष्टि मिल जाती है.
मंदिर की खासियत
- 70 साल पुराना मंदिर
- 05 फीट ऊंचा शिवलिंग
- 12 ज्योतिर्लिंग एक साथ
- 03 शृंगार होते हैं दिनभर में
- 02 बार रुद्राभिषेक किया जाता




















