पाली : राजस्थान के पाली जिले से एक चौंकाने वाला वीडियो सामने आया है, जिसमें एक निजी बस में सफर कर रहे शख्स की अचानक मौत हो गई. बस में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद यह घटना अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है|
बताया जा रहा है कि जोधपुर-इंदौर रूट पर चलने वाली इस बस के ड्राइवर सतीश राव (36) की तबीयत अचानक बिगड़ी और कुछ ही देर में उनकी मौत हो गई. गनीमत रही कि उन्होंने समय रहते बस अपने साथी ड्राइवर को सौंप दी, जिससे बड़ा हादसा टल गया|
देसूरी अस्पताल के मेडिकल ऑफिसर समर्थ लाल ने बताया कि, परिजनों ने मृतक ड्राइवर सतीश के शव का पोस्टमार्टम करवाने से इनकार कर दिया था. लेकिन प्रथम दृष्टया देखने से प्रतीत होता है कि उसे साइलेंट अटैक आया था.
सफर के बीच तबीयत बिगड़ने पर साथी को दी स्टीयरिंग : यह मामला पाली के देसूरी इलाके का है. जानकारी के अनुसार, बस जब केलवा-राजनगर के पास पहुंची तो ड्राइवर सतीश को अचानक तबीयत खराब महसूस हुई. उन्होंने तुरंत अपने साथी ड्राइवर को इसकी जानकारी दी और बस की जिम्मेदारी उसे सौंप दी. बसों में लंबी दूरी के लिए आमतौर पर दो ड्राइवर तैनात रहते हैं.
बेहोश होकर गिरे साथी ड्राइवर पर : साथी ड्राइवर ने बस को संभालते हुए गोमती चौराहे तक पहुंचाया और दवा लेने की कोशिश की, लेकिन मेडिकल स्टोर बंद मिले. जैसे-जैसे बस देसूरी नाल घाट की ओर बढ़ी, सतीश की हालत और बिगड़ गई और वह अचानक बेहोश होकर अपने साथी ड्राइवर पर गिर पड़े|
गंभीर हालात देखते हुए बस को तुरंत देसूरी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद सतीश को मृत घोषित कर दिया. माना जा रहा है कि उनकी मौत हार्ट अटैक से हुई है, हालांकि पोस्टमार्टम के बाद ही कारण स्पष्ट हो पाएगा.
यात्रियों की जान बची : बस में करीब 45 यात्री सवार थे. विशेषज्ञों का कहना है कि अगर सतीश ने समय रहते साथी ड्राइवर को अपनी तबीयत बिगड़ने की जानकारी न दी होती, तो बड़ा हादसा हो सकता था. खासकर इसलिए क्योंकि देसूरी नाल क्षेत्र को हादसों की नाल भी कहा जाता है|
घटना की सूचना मिलने पर पुलिस और परिजन अस्पताल पहुंचे. परिजनों ने पोस्टमार्टम करवाने से इनकार कर दिया, जिसके बाद पुलिस ने पंचनामा कर शव को परिजनों को सौंप दिया. सीसीटीवी फुटेज में पूरी घटना कैद हो गई है.




















