जयपुर, 2025। जयपुर के जवाहर कला केंद्र में आयोजित 8वाँ जयपुर कला महोत्सव 2025 कला प्रेमियों और कलाकारों के लिए एक यादगार अनुभव साबित हुआ। इस महोत्सव में देश और विदेश के सैकड़ों कलाकारों ने अपनी उत्कृष्ट कलाकृतियों का प्रदर्शन किया। इसी कड़ी में जयपुर के युवा और प्रतिभाशाली कलाकार अरबाज खान ने अपनी अनोखी और रचनात्मक कलाकृतियों से दर्शकों का दिल जीत लिया।

अरबाज खान ने इस प्रदर्शनी में ऐसी कला प्रस्तुत की, जो केवल सौंदर्य नहीं बल्कि सामाजिक संदेश भी देती है। उन्होंने अपनी अधिकतर कलाकृतियों को वेस्ट (अपशिष्ट) सामग्री से तैयार किया है। उनका उद्देश्य था यह दिखाना कि यदि सोच सकारात्मक हो तो “वेस्ट से भी बेस्ट” तैयार किया जा सकता है। उन्होंने पुराने लोहे, लकड़ी, प्लास्टिक और फेंके हुए सामान से ऐसी रचनाएँ तैयार कीं जो देखने वालों को हैरान कर गईं।
अरबाज खान ने बताया कि उनकी यह कला केवल रचनात्मकता का परिणाम नहीं, बल्कि एक सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक है। उनका कहना है कि बढ़ते पर्यावरणीय प्रदूषण और संसाधनों की बर्बादी के दौर में कलाकारों को अपनी कला के माध्यम से लोगों को जागरूक करने की दिशा में काम करना चाहिए। उन्होंने कहा — “कला केवल दीवारों की शोभा बढ़ाने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह समाज को सोचने और बदलने की प्रेरणा भी देती है।”
महोत्सव के दौरान देश-विदेश से आए कला प्रेमियों, विद्यार्थियों, कला समीक्षकों और पर्यटकों ने अरबाज खान की कलाकृतियों को बेहद सराहा। कई आगंतुकों ने कहा कि उनकी रचनाएँ आधुनिक सोच, पर्यावरणीय चेतना और स्थानीय संसाधनों के उपयोग का बेहतरीन उदाहरण हैं। प्रदर्शनी में उनकी कलाकृतियों के सामने बड़ी संख्या में दर्शक एकत्रित होते रहे और फोटोग्राफी करते दिखे।
महोत्सव के आयोजकों ने भी अरबाज खान की सृजनशीलता और पर्यावरण-मित्र दृष्टिकोण की सराहना की। आयोजक समिति के सदस्यों का कहना था कि युवा कलाकारों की ऐसी सोच न केवल कला जगत में नई दिशा प्रदान करती है, बल्कि समाज में स्थायी विकास और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता भी बढ़ाती है।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर अरबाज खान को उनकी उत्कृष्ट कलात्मक दृष्टि और नवाचारपूर्ण सोच के लिए विशेष सम्मान पत्र भी प्रदान किया गया। उन्हें मंच पर उपस्थित वरिष्ठ कलाकारों और अतिथियों ने शुभकामनाएँ दीं और भविष्य में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जयपुर का नाम रोशन करने की कामना की।
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8वाँ जयपुर कला महोत्सव इस वर्ष “रचनात्मकता और स्थायित्व” विषय पर आधारित था, जिसमें पेंटिंग, मूर्तिकला, इंस्टॉलेशन आर्ट, डिजिटल आर्ट और मिक्स मीडिया जैसी कई विधाओं में कलाकारों ने अपनी प्रतिभा दिखाई। अरबाज खान की कला इस महोत्सव का प्रमुख आकर्षण बनी रही और यह संदेश दिया कि जब सोच सकारात्मक हो, तो कचरा भी सृजन बन सकता है।
Preeti Shrivastava
Social activist
9352238141




















