झालावाड़: जिले के हिस्ट्रीशीटर व हार्डकोर अपराधी सागर कुरैशी को पुलिस ने राजपासा एक्ट के तहत निरुद्ध किया है. झालावाड़ जिले में पुलिस ने राजपासा एक्ट के तहत यह पहली बड़ी कार्रवाई की है. गैंगस्टर सागर कुरैशी, कुरैशी गैंग का सरगना है जिस पर पहले से ही विभिन्न थाना क्षेत्रों में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं.
इस संबंध में जानकारी देते हुए एसपी अमित कुमार ने बताया कि झालरापाटन निवासी कुरैशी गैंग का सरगना सागर कुरैशी को राजपासा एक्ट के तहत 1 साल के लिए निरुद्ध किया गया है. बदमाश पर विभिन्न थाना क्षेत्रों में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं. उन्होंने बताया कि सागर कुरैशी पर व्यापारियों को जान से मारने की धमकी, अवैध राशि वसूलना, फिरौती मांगने की कई शिकायतें पुलिस थानों में दर्ज हुई हैं.
पुलिस ने अपराधी को कई बार गिरफ्तार कर जेल की सलाखों के पीछे भी पहुंचाया है. लोग सागर कुरैशी के खिलाफ थाने में शिकायत देने से डरते हैं. अपराधी के खिलाफ भयभीत होकर न्यायालय में गवाह भी पक्ष द्रोही हो जाते हैं, जिससे अपराधी को बरी होने का लाभ मिल जाता है. ऐसे में अपराधियों में कानून का भय कायम रखने के लिए राजपासा एक्ट के तहत सागर कुरैशी को जिला कलेक्टर के समक्ष इस्तगासा पेश कर 1 साल के लिए निरुद्ध किया गया है.
राजपासा एक्ट क्या है ? एसपी अमित कुमार ने बताया कि आपराधिक गतिविधियों में शामिल बदमाशों में कानून का खौफ बनाए रखने के लिए राजपासा एक्ट लागू किया जाता है. इस एक्ट के तहत गृह विभाग से जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ को 6 माह के लिए संवैधानिक शक्ति दी है, जिसके तहत अपराधिक गतिविधियों में शामिल बदमाशों जो कि गवाहों को अपने पक्ष में कर जेल से बाहर आ जाते हैं, लेकिन अपराधिक गतिविधियों को नहीं छोड़ते, ऐसे बदमाशों के खिलाफ इस्तगासा पेश कर निरुद्ध किया जाता है. उन्होंने बताया कि जिले में राजपासा एक्ट लागू रहने की मियाद 6 माह होती है.




















